सुल्तानपुर (लम्भुआ)। सरकारी योजनाओं में पारदर्शिता और ईमानदारी सुनिश्चित करने के लिए प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। विकास खंड लम्भुआ में तैनात ग्राम पंचायत अधिकारी (VDO) फैयाज खान को वित्तीय अनियमितताओं और शासकीय कार्यों में लापरवाही के गंभीर आरोपों के चलते तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। इंडिया की सोच बुलंद न्यूज़ आपको इस प्रशासनिक कार्रवाई की पूरी जानकारी दे रहा है।
इन आरोपों के चलते हुई कार्रवाई
जिला पंचायत राज अधिकारी (DPRO) द्वारा जारी आदेश के अनुसार, ग्राम पंचायत अधिकारी पर कई गंभीर आरोप हैं, जिनकी प्रारंभिक जांच में पुष्टि होने की बात कही जा रही है:
PM आवास योजना में गड़बड़ी: आरोप है कि पात्रों की अनदेखी कर अपात्र लाभार्थियों को योजना का लाभ दिलाने का प्रयास किया गया।
धनराशि का दुरुपयोग: करीब ₹1.20 लाख की सरकारी धनराशि के दुरुपयोग का मामला प्रकाश में आया है।
निर्माण कार्य में बाधा: बहुउद्देशीय पंचायत भवन के निर्माण में प्रगति रोकने और रुचि न लेने का भी आरोप है।
उच्चाधिकारियों की अवमानना: शासन और उच्चाधिकारियों द्वारा दिए गए निर्देशों की निरंतर अनदेखी करने की बात भी सामने आई है।
निष्पक्ष जांच के आदेश
इंडिया की सोच बुलंद शासन की नीति के अनुसार, किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। निलंबन की इस अवधि के दौरान फैयाज खान को नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ता देय होगा। वहीं, पूरे प्रकरण की गहराई से और निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करने के लिए सहायक विकास अधिकारी (पंचायत) जयसिंहपुर को जांच अधिकारी नियुक्त किया गया है।
प्रशासन का सख्त संदेश
इस कार्रवाई से विकास खंड के अन्य कर्मचारियों और अधिकारियों में हड़कंप मच गया है। जिला प्रशासन ने साफ कर दिया है कि जनहित की योजनाओं में किसी भी प्रकार की वित्तीय गड़बड़ी या लापरवाही को कतई बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इंडिया की सोच बुलंद प्रशासन का यह कदम भ्रष्टाचार के खिलाफ 'जीरो टॉलरेंस' की नीति को दर्शाता है।
इंडिया की सोच बुलंद के लिए सुल्तानपुर से सुनील सिंह की विशेष रिपोर्ट।

0 Comments
Comments